राष्ट्रीय मानवाधिकार संगठन के तरफ से इजतेमा में आने वाले श्रद्धालुओं के लिए फ्री मेडिसिन और ठंडा पानी शरबत का इंतजाम किया गया |
कल पूर्णिया जिला के भवानीपुर प्रखंड के भंसार गांव में एक बहुत ही बड़ा और भव्य तबलिगी इजतेमा बिहार के 7 जिले को मिलाकर पूर्णिया और कटिहार के बॉर्डर पर आयोजन किया गया यह इजतेमा 17 ,18 ,19 तारीख तक होना है 27 एकड़ जमीन के एरिया में तकरीबन 12 लाख से ज्यादा श्रद्धालुओं ने हिस्सा लिया श्रद्धालुओं की भीड़ अभी तक नहीं रुक रही है। हालात को देखते हुए राष्ट्रीय मानवाधिकार संगठन की टीम ने फलका प्रखंड ब्लॉक चौक पर फ्री मेडिसिन ठंडा पानी और शरबत का इंतजाम कराया राष्ट्रीय मानवाधिकार संगठन के जिला अध्यक्ष श्री दीपक कुमार खुद इस पुण्य के काम में शामिल रहे और सभी से अपील किया के आपस की मतभेद को भुलाकर एक होकर इस पुण्य के काम में हिस्सा लें सभी जाति और धर्म को भूलकर शांति और सहद्र का माहौल बनाए रखने की अपील क्या और खुद अपनी टीम को लेकर फलका ब्लॉक चौक से श्रीपुर होते हुए इजतेमा स्थान बड़ी भंसार तक पहुंचे जिसमें राष्ट्रीय मानवाधिकार संगठन के प्रदेश मीडिया प्रभारी जावेद अख्तर , पूर्णिया प्रमंडल अल्पसंख्यक प्रकोष्ठ के प्रमंडल अध्यक्ष राजू प्रिंस तथा फलका प्रखंड के प्रखंड अध्यक्ष जाहिद आलम शामिल हुए यह इजतेमा कल 10:00 बजे तक खत्म हो जाएगा 10:00 बजे के बाद दुआ होगी जिस किसी को भी शामिल होना है वह कल 10:00 बजे तक इस इस्तेमा में शामिल हो सकते हैं।
अरबी लफ्ज़ इज्तिमा के मायने है 'इकठ्ठा होना'। एक खास जगह पर इकट्ठा होकर इबादत करना, खैर-बरक़त की दुआ करना, गुनाहों की माफी माँगना और दीनी बातें करना इज़्तिमा का हिस्सा है। ये जानकारी गलत है कि इज्तिमा सौ साल पहले ही शुरू हुआ बल्कि इज्तिमा तो सदियों पुरानी परंपरा है। दरअसल ये सिलसिला हजरत आदम के जमाने से चलन में है।
